सपा लोहिया वाहिनी के राष्ट्रीय अध्यक्ष का मप्र दौरा चर्चाओं में


भोपाल। समाजवादी पार्टी उत्तरप्रदेश के क्षेत्रिय दल की छवि से बाहर निकलने की तैयारी में है। पार्टी ने मध्य प्रदेश सहित देश के हर राज्य में अपने संगठन को मजबूत करने की पहल कर ली है। ऐसे में समाजवादी पार्टी की लोहिया वाहिनी के नवनिर्वाचित राष्ट्रीय अध्यक्ष प्रदीप तिवारी का पहला दौरा मध्यप्रदेश में 12-13 अगस्त का था। अब यह दौरा चर्चाओं में है। पहले दिन भोपाल के पार्टी कार्यालय में युवजनसभा के युवा नेता दीपक शर्मा की टीम ने राष्ट्रीय अध्यक्ष प्रदीप तिवारी को इतनी माला पहनाई की उनका आधा शरीर मालाओं से छुप गया। तो वहीं ऐसे नेता भी मंच पर दिखें जिन्होंने एक माला तक नहीं पहनाई। चर्चा इस बात की हो रही है कि लोहिया वाहिनी के राष्ट्रीय अध्यक्ष की गरिमा को दो समाजवादी युवा नेताओ ने ताक पर रख दिया। जब तक प्रदीप तिवारी कुछ समझ पाते तब तक तो खेल खराब हो चुका था। 

समाजवादी पार्टी की मध्य प्रदेश में कार्यकारिणी भंग है। ऐसे में समाजवादी की लोहिया वाहिनी के नवनिर्वाचित राष्ट्रीय अध्यक्ष प्रदीप तिवारी दो दिन के दौरे पर मध्यप्रदेश में थें। नई कार्यकारिणी में अपनी जगह पक्की कराने के चलते ऐसे कई युवा नेता सपा में दिखें। पहले दिन दो युवा समाजवादी नेताओं ने प्रदीप तिवारी कों अपने रंगमें रंग लिया। उनको पूरी तरह अपने वश में कर लिया। ये वही युवा नेता है जिन्होंने मध्य प्रदेश की राजधानी में सपा की छवि को बहुत खराब किया हैं। प्रदीप तिवारी लगभग उनके कहने पर ही चल रहे थें। इन दो युवा नेताओं ने पहले भी पार्टी की छवि प्रदेश में इतनी खराब कर दी है कि राजधानी भोपाल में इनकी चर्चा होती ही रहती है। इस बार इन युवा नेताओं के चलते पूर्व प्रदेशाध्यक्ष गोरी सिंह यादव भी नाराज दिखें। लोहिया वाहिनी के राष्ट्रीय अध्यक्ष प्रदीप तिवारी की गरिमा को खराब करने के चलते उनकी नाराजगी थी। इन दोनों युवा नेताओं ने प्रदीप तिवारी को प्रदेश में सपा के वरिष्ठ नेता के घर पर भोपाल स्थित रिवेरा टाउन में लेजा कर उनके पद की गरिमा को तारतार कर दिया। इतना ही नहीं उन वरिष्ठ नेता ने समाजवादी पार्टी की राष्ट्रीय अध्यक्ष को चाय पिलाना तो दुर पानी पिलाकर चलता कर दिया। वहीं दुसरी दिन भी ऐसी ही पुनरावृत्ति दिखी नवनिर्वाचित राष्ट्रीय अध्यक्ष प्रदीप तिवारी को इंदौर में ऐसे ही वरिष्ठ नेता के घर लेजाया गया जो पहले से भोपाल के लिये रवाना हो चुके थें। वह भी इनकी इस हरकत से नाराज दिखें। इस तरफ दोनों युवा नेताओं ने प्रदीप तिवारी को ऐसे घेर रखा था कि अन्य कोई कार्यकर्ता तिवारी जी के पास तक नहीं पहुच पा रहा था। नेता जी महाकाल के दर्शन करने पहुचे तो वहा पर भी यह साथ में थें और इंदौर में पत्रकारवार्ता में भी। दोनों नेताओं की खराब छवि के चलते प्रदेश की मीडिया ने नवनिर्वाचित राष्ट्रीय अध्यक्ष प्रदीप तिवारी से संबधित समाचार का प्रकाशन बहुत कम किया। इसके बाद सड़क के रास्ते प्रदीप तिवारी उत्तरप्रदेश को रवाना हो गये।



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